पूर्व मंत्री ने सिर पर रखी जुतो की गठरी
मुज़फ़्फ़रनगर जनपद के गाँव लकड़सं
धा में कश्यप समाज की एक पंचायत का आयोजन किया गया। पंचायत में कश्यप समाज के हज़ारो लोग इकट्ठा हुए और अपने समाज को एकत्रित रहने का संदेश दिया। उस पंचायत के दौरान एक नेताजी ने समाज को इकट्ठा रहने का संदेश देते हुए ऐसा कार्य किया की पंचायत में मौजूद लोगो आश्चर्य चकित रह गए। वही सपा के पूर्व मंत्री और कश्यप समाज के बड़े नेता सुधाकर कश्यप ने मंच पर भाषण देते हुए जूते से भरी गठरी अपने सिर पर रख ली और अपने समाज को इकट्ठा रहने की मार्मिक अपील की। इस दौरान पूर्व मंत्री ने मंच से बोलते हुए कहा की कोई भी नेता किसी पार्टी से जुड़ा हो वो आरक्षण तक एक हो जाए मेरे समाज को आरक्षण मिल जाये में तो यही चाहता हु।वही सुधाकर कश्यप ने मीडिया से बात करते हुए कहा की आज कश्यप समाज की जो पंचायती उसमें समाज के सभी जिम्मेदार लोग थे उस पंचायत में आरक्षण का मुद्दा था जो हम सभी दलों के नेताओ का ये विचार विमर्श हुआ था की आरक्षण किस तरह हासिल हो तो उसी के प्रपेक्ष में आज पंचायत की गई में आपको बताना चाहता हु की हमारे समाज के साथ धोखा किया जा रहा है धोखे के चलते हमने निर्णय लिया है क्योंकि मेरी जाति के लोग और मेरी आत्मा ही मुझे खुद धिक्कार रही है की मैं 18सालो से अपने समाज की सेवा करता आ रहा हु 18वर्ष पहले जहा छोड़ा था वो आज भी वही है आज तक आरक्षण नही मिला जबकि हम लोगो ने जो पोटली उठाई थी सिर पर वो जूते चप्पलों की पोटली थी जो समाज के लोग थे उनके जूते चप्पल की पोटली सिर पर रखी थी और संकल्प लिया था और दिया था ।
मेरे नेतृत्व में गंगा जल की यात्रा निकाली जायेगी जो मुजफ्फरनगर शामली बागपत समेत सभी जनपदों में होते हुए समाप्त होगी।




