दतिया में अति बारिश से 2 कच्चे मकानों पर गिरी राजगढ़ महल की दीवार, एक ही परिवार के 7 लोगों की मौत 2 को सुरक्षित बचाया,
सीएम ने मृतकों के परिजन को 4-4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता के दिए निर्देश
मध्यप्रदेश के दतिया शहर में खलका पुरा में गुरुवार सुबह 3 बजे लगभग 2 कच्चे मकानों पर राजगढ़ महल की दीवार भरभरा कर गिर गई। हादसे में 9 लोग मलबे में दब गए थे जिनमें से एक परिवार के दो लोगों मुन्ना वंशकार ओर आकाश वंशकार को पड़ोसियों ने मलबे से निकाला। हादसे की सूचना मिलते ही कलेक्टर संदीप माकिन, एसपी वीरेन्द्र कुमार मिश्रा सहित दतिया विधायक राजेन्द्र भारती, अवधेश नायक मौके पर आला अधिकारी पहुंच कर घायलों को जिला अस्पताल पहुंचा कर भर्ती कराया जबकि दूसरे परिवार के 7 लोगों को मलबे से निकालने के लिए जिला प्रशासन ने एसडीआरएफ टीम के द्वारा रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। मलबे से 7 लोगों के शव निकाल लिए गए है।हादसे में निरंजन वंशकार का पूरा परिवार खत्म हो गया। यह सभी हादसे के वक्त अपने मकान में गहरी नींद में सो रहे थे, क्रूर घटना ने उन्हें मौत की नींद सुला दिया। हादसे में निरंजन वंशकार 55, उसकी पत्नी ममता वंशकार, पुत्री राधा वंशकार 50, दो बेटे शिवम वंशकार22, सूरज वंशकार 19 तथा बहिन प्रभा पत्नी किशन वंशकार एवं निरंजन के जीजा किशन वंशकार निवासी ग्वालियर की मौत हो गई। चंबल आईजी सुशांत सक्सेना भी घटनास्थल पर पहुंचे। प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन सिंह यादव के निर्देशों पर दतिया जिले में भारी बारिश के चलते खलकापुरा में हुई घटना में 7 लोगों की मृत्यु पर दतिया कलेक्टर संदीप कुमार माकिन द्वारा प्रत्येक मृतक के परिवार को 4 लाख रुपये की अर्थिक सहायता प्रदान करने की घोषणा की गई।300 साल पुराना हैं,राजगढ़ महल।
जिस राजगढ़ महल की बाहरी दीवार गिरने से हादसा हुआ इसे दतिया रियासत के राजा इंद्रजीत सिंह ने 300 साल पहले मुरम के टीले पर बनबाया था। राजगढ़ महल का सामरिक महत्व था। ईट गारे से निर्मित इस महल का उपयोग जिला न्यायालय भवन तथा कलेक्ट्रेट के रूप में भी किया गया। वतर्मान में यह पुरातत्व विभाग के अधीन हैं। महल पीताम्बरा पीठ मंदिर के ठीक सामने मुरम के ऊंचे टीले पर बना है।





